
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित किया. इसमें एक भारत श्रेष्ठ भारत का संकल्प दिखाई दिया.
नरेंद्र मोदी परिवारवादी पार्टियों को देश के विकास में बाधक मानते हैं. लाल किले की प्राचीर से नरेंद्र मोदी ने देश के 140 करोड़ लोगों को अपना परिवार जन कहा. इस तरह उन्होंने बता दिया कि परिवारवादी पार्टियों की सीमित सोच को भी उजागर किया. उन्होंने भ्रष्टाचार परिवारवाद और तुष्टीकरण पर प्रहार किया. इन तीनों ने देश का बहुत अहित किया है.
भारत लोकतंत्र की जननी है. जबकि परिवारवादी पार्टियों तुष्टीकरण की राजनीति ने सामाजिक न्याय को निरर्थक बना दिया था.
30 वर्षों के बाद 2014 में मतदाताओं ने स्थिर और मजबूत सरकार के लिए जनादेश दिया था. यह सरकार जनता की उसी आकांक्षा के अनुरूप कार्य कर रही है. देश मजबूत और विकसित बन रहा है.
मोदी के भाषण से यूपीए सरकार और भाजपा सरकार के बीच अन्तर भी सामने आ गया. ..
2014 में वैश्विक आर्थिक व्यवस्था भारत दसवें स्थान पर था। आज पांचवें स्थान पर है. आने वाले 5 साल में देश पहले तीन वैश्विक इकॉनमी में अपना जगह ले लेगा।
गरीबी से बाहर आए 13.5 करोड़ लोग मध्यमवर्ग की शक्ति बन रहे हैं.
सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय पर सरकार का विश्वास है.
रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म की ताकत नजर आ रही है।
दस करोड़ बेनामी लोगों तक पहुँच रहे धन पर रोक लगाई.
10 साल पहले राज्यों को 30 लाख करोड़ भारत सरकार की तरफ से ज्यादा थे, पिछले 9 साल में ये आंकड़ा 100 लाख करोड़ पर पहुंचा है। पहले स्थानीय निकाय के विकास के लिए भारत सरकार से 70 हजार करोड़ जाता था.आज वो 3 लाख करोड़ से ज्यादा है। पहले गरीबों के घर के लिए 90 हजार करोड़ रुपये खर्च होता था आज 4 लाख करोड़ रुपये खर्च होता है।
भारत का स्टार्टअप इकोसिस्टम दुनिया में तीसरे नंबर पर है. सरकार 10 लाख करोड़ रुपये यूरिया में सब्सिडी दे रहा है। मुद्रा योजना 20 लाख करोड़ रुपये युवाओं को अपने कारोबार के लिए दिए हैं. 8 करोड़ लोगों ने अपना कारोबार शुरू किया है. ये सभी रोजगार देने वाले बने हैं.
75000 अमृत सरोवर बनाने पर काम जारी है .सरकार अगले महीने पारंपरिक कौशल वाले लोगों के लिए 13,000 से 15,000 करोड़ रुपए के आवंटन के साथ विश्वकर्मा योजना शुरू करेगी।
देश मणिपुर के लोगों के साथ है। शांति से समाधान का रास्ता निकलेगा। राज्य और केंद्र सरकार समस्याओं के समाधान के लिए प्रयास करती रहेगी।
10 करोड़ महिलाएं स्वयं सहायता समूह से जुड़ी हैं।15 हजार स्वयं सहायता समूहों के द्वारा हम ड्रोन की उड़ान का आरंभ कर रहे हैं।
आज देश सुरक्षा की अनुभूति कर रहा है। जब सुरक्षा-शांति होती है तब प्रगति के नए अरमान हम पूरे कर सकते हैं। सीरियल बम धमाकों का जमाना अब बीते हुए कल की बात हो गई है। आज देश में
आतंकी हमलों में भारी कमी आई है। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में बहुत बड़ा बदलाव आया है।
देश में 25 साल से चर्चा हो रही थी कि नई संसद बने। यह मोदी है कि समय से पहले नई संसद बनाकर रख दी। यह काम करने वाली सरकार है।
दुनिया की रेटिंग एजेंसियां भारत का गौरव कर रही हैं। मैं विश्वास से देख रहा हूं कि जिस प्रकार से द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद दुनिया की नई वैश्विक व्यवस्था देखी थी, मैं साफ-साफ देख रहा हूं कि कोरोना के बाद नई वैश्विक व्यवस्था बहुत तेजी से आगे बढ़ रही है। उसकी सारी व्याख्याएं बदल रही हैं.
राष्ट्रीय चेतना शब्द चिंताओं से मुक्त कर रहा है। जन-जन में हमारा विश्वास, जन-जन का सरकार पर, देश के प्रति विश्वास है.
देश के हर कोने में जी-20 के कई कार्यक्रम हुए हैं। उसने देश की विविधिता का दुनिया को परिचय कराया है।












